बजट भाषण के मुख्य 100 बिंदु :
पंचायतों के लिए 2 हजार 74 करोड़ रुपए दिए जाएंगे।
प्रिंट एवं इलेक्ट्रोनिक मीडिया का होगा उपयोग।
फोटो पत्रकारों के लिए बीमा पॉलिसी की घोषणा।
प्रत्येक पंचायत पर एक आईटी सेंटर होगा।
पुलिस को नए वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे।
भवानी मंडी में नियमित एडीजे कोर्ट की घोषणा।
जिला कलेक्ट्रेट का होगा आधुनिकीकरण।
रीठा व शिकाकाई कर मुक्त।
एयर टरबाइन पर कर 20 से घटाकर 5 फीसदी।
सिनेमा पर 20 फीसदी वैट।
जेलों में होंगे सुधार कार्यक्रम।
डिजिटलाइजेशन पर खर्च होंगे 800 करोड़ रुपए।
वाणिज्य मामलों के लिए डिजिटलाइजेशन को प्रोत्साहन।
नए राजस्थान माइनर मिनरल रूल्स की घोषणा।
डीटीएच पर 10 फीसदी वैट।
फ्लैट्स की पुन: बिक्री पर स्टाम्प ड्यूटी घटाई।
नगरीय विकास में होगा गुजरात मॉडल।
भू दस्तावेज का होगा डिजिटलाइजेशन।
सरकारी कंपनियां स्टॉक एक्सचेंज में लिस्टिड होंगी।
भामाशाह योजना फिर से शुरू होगी।
कक्षा 9 में प्रवेश लेने वाली छात्राओं को साइकिल।
एनसीआर के उप क्षेत्रों का होगा विकास।
राज्य में बनेंगी पांच स्मार्ट सिटी।
शहरों का होगा हेरिटेज विकास।
लेबर मार्केट इन्फॉर्मेशन सिस्टम बनाया जाएगा।
चयनित 100 विद्यार्थियों को छात्रवृति।
आईआईटी आईआईएम के छात्रों को छात्रवृति।
सामान्य बीमारी के लिए 30 हजार का प्रावधान।
गंभीर बीमारी के लिए 3 लाख रुपए का प्रावधान।
अन्तरराष्ट्रीय खेल अकादमी की स्थापना।
सभी योग्यजनों को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे।
अजा. अजजा. विद्यार्थियों के लिए 20 नए हॉस्टल।
186 मॉडल विद्यालयों का होगा विकास।
प्राथमिक व माध्यमिक स्कूलों में रीडिंग कैंप कार्यक्रम।
शिक्षक भर्ती परीक्षा अब केवल एक चरण में होगी।
एसएमएस हॉस्पिटल में इंजरी सिस्टम विकसित होगा।
मेट्रो के फेज वन बी को पूरा करेगी सरकार।
सरकार लाएगी गुड गवर्नेंस बिल।
खनन नीति में बदलाव किए जाएंगे।
जन जातीय क्षेत्र में खनन नीति की समीक्षा होगी।
जयपुर में वाटर स्टेशन स्थापित होगा।
तीन लाख 69 हजार बंजर क्षेत्र को सिंचित करने का लक्ष्य।
जीपीएस आधारित होंगे सभी 16 वे-ब्रिज।
राजस्थान रोडवेज के 80 बस अड्डों का होगा समुचित विकास।
यात्रियों के लिए आधुनिक सुविधाएं जुटाई जाएंगी।
बीकानेर को सेरेमिक हब बनाया जाएगा।
चूरू में नेचर पार्क बनाया जाएगा।
वस्त्र उद्योग में निवेश को प्रोत्साहन।
नए श्रम विधेयक लाए जाएंगे।
राजस्थान दिवस को टूरिज्म मैप पर लाया जाएगा।
रामेश्वर मंदिर जैत क्षेत्र का होगा विकास।
भरतपुर के बिहारी मंदिर का जीर्णोद्धार होगा।
प्रत्येक जिले में रोजगारे मेले शुरू किए जाएंगे।
बीमा के जरिए नीति अस्पतालों में इलाज।
ग्रामीण इलाकों में पीएचईडी द्वारा हैंडपम्प लगाए गए।
नदियों को जोड़ने का कार्य किया जाएगा।
चंबल पर 33 करोड़ रुपए की दो परियोजनाएं।
आगामी 5 साल में पेयजल की बड़ी योजनाओं को पूरा किया जाएगा।
बांधों और नहरों का होगा सुधार।
अगले पांच साल में 15 लाख युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य।
राजधानी क्षेत्र के उपक्षेत्र होंगे विकसित।
गांवों के समग्र विकास के लिए श्रीविकास योजना।
जनजाति क्षेत्र के विकास के लिए एक हजार करोड़ रुपए।
शेखावाटी विश्वविद्यालय को चार करोड़ रुपए दिए।
मेट्रो परियोजना लाना जल्दबाजी थी।
मेवात क्षेत्र का विकास होगा।
भरतपुर में एक बीच परिक्षण प्रयोगशाला।
तीन नए इंजीनियरिंग कॉलेज।
हनुमानगढ़, डूंगरपुर में शिक्षण प्रशिक्षण केन्द्र खुलेंगे।
सात नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे।
पीजी और यूजी में कौशल विकास पर जोर।
सूरतगढ़, छबड़ा में सुपर क्रिटिकल युनिट स्थापित होंगे।
33 केवी के 220 स्टेशन स्थापित होंगे।
25 हजार मेगावाट बिजली उत्पादन का लक्ष्य।
गांवों तक शुद्ध पेयजल उपलब्ध करानी होगी।
3 हजार 173 गांव-ढाणियों में पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।
शहरी पेयजल आपूर्ति योजना का पुर्नगठन होगा।
डार्क जोन के बाहर भी ऑन डिमांड कृषि कनैक्शन दिए जाएंगे।
आरएसआरटीएस की हालत सुधारी जाएगी।
10 करोड़ रुपए प्रतिमाह का अनुदान दिया जाएगा।
16 अन्तरराज्यीय चैक पोस्टों का कम्प्यूटरीकरण होगा।
विद्युत वितरण कंपनियों को घाटे से उबारना होगा।
बूंद-बूंद सिंचाई वाले किसानों को त्वरित बिजली कनैक्शन दिए जाएंगे।
3 लाख 11 हजार लम्बित कृषि कनैक्शन दिए जाएंगे।
गांवों में RCC सड़कों का निर्माण होगा।
हमारा उदेश्य जनता को सुविधाएं देना।
इसके लिए व्यवस्था में परिवर्तन करना होगा।
प्रमुख बस अड्डो का होगा आधुनिकीकरण।
2008 में राजस्थान की सड़कों की तुलना गुजरात से होती थी।
20 हजार किलोमीटर सड़क कार्यक्रम का क्रियान्वयन होगा।
2017 तक सभी सड़कों का कार्य पूरा होगा।
राजस्थान स्टेट हाइवे अथोरिटी का गठन होगा।
530 गांवों में बनाई जाएगी सड़कें।
केलादेवी से करौली सड़क चार लेन की होगी।
हम निवेश के दायरे का बढ़ाएं।
2008 में बिजली कंपनियों का घाटा 75000 करोड़ था।
हमारा लक्ष्य 2020 तक राजस्थान को शक्ितशाली बनाना है।
हमारी टीम के हौसले बुलंद, शिक्षा, सड़क, स्वास्थ्य में सुधार का प्रयास।
सब जन का उत्थान हमारी सरकार का लक्ष्य।
राजे ने कहा पिछली सरकार ने बिगाड़ी आर्थिक स्थित, राजस्व खर्च बढ़ाए।
पंचायतों के लिए 2 हजार 74 करोड़ रुपए दिए जाएंगे।
प्रिंट एवं इलेक्ट्रोनिक मीडिया का होगा उपयोग।
फोटो पत्रकारों के लिए बीमा पॉलिसी की घोषणा।
प्रत्येक पंचायत पर एक आईटी सेंटर होगा।
पुलिस को नए वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे।
भवानी मंडी में नियमित एडीजे कोर्ट की घोषणा।
जिला कलेक्ट्रेट का होगा आधुनिकीकरण।
रीठा व शिकाकाई कर मुक्त।
एयर टरबाइन पर कर 20 से घटाकर 5 फीसदी।
सिनेमा पर 20 फीसदी वैट।
जेलों में होंगे सुधार कार्यक्रम।
डिजिटलाइजेशन पर खर्च होंगे 800 करोड़ रुपए।
वाणिज्य मामलों के लिए डिजिटलाइजेशन को प्रोत्साहन।
नए राजस्थान माइनर मिनरल रूल्स की घोषणा।
डीटीएच पर 10 फीसदी वैट।
फ्लैट्स की पुन: बिक्री पर स्टाम्प ड्यूटी घटाई।
नगरीय विकास में होगा गुजरात मॉडल।
भू दस्तावेज का होगा डिजिटलाइजेशन।
सरकारी कंपनियां स्टॉक एक्सचेंज में लिस्टिड होंगी।
भामाशाह योजना फिर से शुरू होगी।
कक्षा 9 में प्रवेश लेने वाली छात्राओं को साइकिल।
एनसीआर के उप क्षेत्रों का होगा विकास।
राज्य में बनेंगी पांच स्मार्ट सिटी।
शहरों का होगा हेरिटेज विकास।
लेबर मार्केट इन्फॉर्मेशन सिस्टम बनाया जाएगा।
चयनित 100 विद्यार्थियों को छात्रवृति।
आईआईटी आईआईएम के छात्रों को छात्रवृति।
सामान्य बीमारी के लिए 30 हजार का प्रावधान।
गंभीर बीमारी के लिए 3 लाख रुपए का प्रावधान।
अन्तरराष्ट्रीय खेल अकादमी की स्थापना।
सभी योग्यजनों को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे।
अजा. अजजा. विद्यार्थियों के लिए 20 नए हॉस्टल।
186 मॉडल विद्यालयों का होगा विकास।
प्राथमिक व माध्यमिक स्कूलों में रीडिंग कैंप कार्यक्रम।
शिक्षक भर्ती परीक्षा अब केवल एक चरण में होगी।
एसएमएस हॉस्पिटल में इंजरी सिस्टम विकसित होगा।
मेट्रो के फेज वन बी को पूरा करेगी सरकार।
सरकार लाएगी गुड गवर्नेंस बिल।
खनन नीति में बदलाव किए जाएंगे।
जन जातीय क्षेत्र में खनन नीति की समीक्षा होगी।
जयपुर में वाटर स्टेशन स्थापित होगा।
तीन लाख 69 हजार बंजर क्षेत्र को सिंचित करने का लक्ष्य।
जीपीएस आधारित होंगे सभी 16 वे-ब्रिज।
राजस्थान रोडवेज के 80 बस अड्डों का होगा समुचित विकास।
यात्रियों के लिए आधुनिक सुविधाएं जुटाई जाएंगी।
बीकानेर को सेरेमिक हब बनाया जाएगा।
चूरू में नेचर पार्क बनाया जाएगा।
वस्त्र उद्योग में निवेश को प्रोत्साहन।
नए श्रम विधेयक लाए जाएंगे।
राजस्थान दिवस को टूरिज्म मैप पर लाया जाएगा।
रामेश्वर मंदिर जैत क्षेत्र का होगा विकास।
भरतपुर के बिहारी मंदिर का जीर्णोद्धार होगा।
प्रत्येक जिले में रोजगारे मेले शुरू किए जाएंगे।
बीमा के जरिए नीति अस्पतालों में इलाज।
ग्रामीण इलाकों में पीएचईडी द्वारा हैंडपम्प लगाए गए।
नदियों को जोड़ने का कार्य किया जाएगा।
चंबल पर 33 करोड़ रुपए की दो परियोजनाएं।
आगामी 5 साल में पेयजल की बड़ी योजनाओं को पूरा किया जाएगा।
बांधों और नहरों का होगा सुधार।
अगले पांच साल में 15 लाख युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य।
राजधानी क्षेत्र के उपक्षेत्र होंगे विकसित।
गांवों के समग्र विकास के लिए श्रीविकास योजना।
जनजाति क्षेत्र के विकास के लिए एक हजार करोड़ रुपए।
शेखावाटी विश्वविद्यालय को चार करोड़ रुपए दिए।
मेट्रो परियोजना लाना जल्दबाजी थी।
मेवात क्षेत्र का विकास होगा।
भरतपुर में एक बीच परिक्षण प्रयोगशाला।
तीन नए इंजीनियरिंग कॉलेज।
हनुमानगढ़, डूंगरपुर में शिक्षण प्रशिक्षण केन्द्र खुलेंगे।
सात नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे।
पीजी और यूजी में कौशल विकास पर जोर।
सूरतगढ़, छबड़ा में सुपर क्रिटिकल युनिट स्थापित होंगे।
33 केवी के 220 स्टेशन स्थापित होंगे।
25 हजार मेगावाट बिजली उत्पादन का लक्ष्य।
गांवों तक शुद्ध पेयजल उपलब्ध करानी होगी।
3 हजार 173 गांव-ढाणियों में पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।
शहरी पेयजल आपूर्ति योजना का पुर्नगठन होगा।
डार्क जोन के बाहर भी ऑन डिमांड कृषि कनैक्शन दिए जाएंगे।
आरएसआरटीएस की हालत सुधारी जाएगी।
10 करोड़ रुपए प्रतिमाह का अनुदान दिया जाएगा।
16 अन्तरराज्यीय चैक पोस्टों का कम्प्यूटरीकरण होगा।
विद्युत वितरण कंपनियों को घाटे से उबारना होगा।
बूंद-बूंद सिंचाई वाले किसानों को त्वरित बिजली कनैक्शन दिए जाएंगे।
3 लाख 11 हजार लम्बित कृषि कनैक्शन दिए जाएंगे।
गांवों में RCC सड़कों का निर्माण होगा।
हमारा उदेश्य जनता को सुविधाएं देना।
इसके लिए व्यवस्था में परिवर्तन करना होगा।
प्रमुख बस अड्डो का होगा आधुनिकीकरण।
2008 में राजस्थान की सड़कों की तुलना गुजरात से होती थी।
20 हजार किलोमीटर सड़क कार्यक्रम का क्रियान्वयन होगा।
2017 तक सभी सड़कों का कार्य पूरा होगा।
राजस्थान स्टेट हाइवे अथोरिटी का गठन होगा।
530 गांवों में बनाई जाएगी सड़कें।
केलादेवी से करौली सड़क चार लेन की होगी।
हम निवेश के दायरे का बढ़ाएं।
2008 में बिजली कंपनियों का घाटा 75000 करोड़ था।
हमारा लक्ष्य 2020 तक राजस्थान को शक्ितशाली बनाना है।
हमारी टीम के हौसले बुलंद, शिक्षा, सड़क, स्वास्थ्य में सुधार का प्रयास।
सब जन का उत्थान हमारी सरकार का लक्ष्य।
राजे ने कहा पिछली सरकार ने बिगाड़ी आर्थिक स्थित, राजस्व खर्च बढ़ाए।
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